देहरादून: प्रदेश में प्रतिकूल मौसम, भारी वर्षा और एल-नीनो (El Niño) की संभावित परिस्थितियों को देखते हुए उत्तराखण्ड पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड (यूपीसीएल) ने बिजली व्यवस्था को सुरक्षित और निर्बाध बनाए रखने के लिए व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं। यूपीसीएल के प्रबंध निदेशक पीसी ध्यानी ने अधिकारियों को विद्युत सुरक्षा, उपभोक्ता हितों और आपदा की स्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) द्वारा एल-नीनो के प्रभाव से सामान्य से अधिक तापमान रहने की संभावना जताई गई है। इसके मद्देनजर केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण (सीईए) ने बिजली वितरण कंपनियों और उपभोक्ताओं के लिए सुरक्षित एवं विवेकपूर्ण विद्युत उपयोग संबंधी परामर्श जारी किया है। परामर्श में बताया गया है कि अत्यधिक गर्मी के दौरान एयर कंडीशनर, कूलिंग उपकरणों और अन्य विद्युत भारों के बढ़ते उपयोग से बिजली तंत्र पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है, जिससे ओवरलोडिंग और ग्रिड अस्थिरता जैसी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं।
इसी विषय पर 9 जुलाई को ऊर्जा मंत्रालय, भारत सरकार के सचिव की अध्यक्षता में केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण द्वारा आयोजित बैठक में एल-नीनो के संभावित प्रभावों और बिजली वितरण कंपनियों की तैयारियों की समीक्षा की गई। बैठक में यूपीसीएल के प्रबंध निदेशक पी.सी. ध्यानी सहित वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया। बैठक के बाद प्रबंध निदेशक ने प्रदेश में बदलते मौसम, भारी वर्षा और आंधी-तूफान की संभावनाओं को देखते हुए सभी अधिकारियों को बिजली व्यवस्था की सतत निगरानी, शिकायतों के त्वरित निस्तारण और आपातकालीन परिस्थितियों के लिए पूरी तैयारी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी स्थिति में बिजली आपूर्ति जल्द से जल्द बहाल करने के लिए सभी आवश्यक संसाधन उपलब्ध रखे जाएं।
यूपीसीएल के अनुसार प्रदेशभर में बिजली लाइनों, फीडरों, वितरण ट्रांसफार्मरों और अन्य महत्वपूर्ण उपकरणों का निरीक्षण एवं अनुरक्षण कार्य प्राथमिकता से किया जा रहा है। बिजली लाइनों के समीप पेड़ों की शाखाओं की समयबद्ध छंटाई, संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान, क्विक रिस्पॉन्स टीम (क्यूआरटी) की तैनाती तथा आवश्यक उपकरणों और सामग्री का पर्याप्त भंडारण भी सुनिश्चित किया गया है, ताकि खराब मौसम के दौरान किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई की जा सके। प्रबंध निदेशक ने जिला प्रशासन, राज्य आपदा प्रबंधन विभाग, पुलिस, एसडीआरएफ तथा अन्य संबंधित विभागों के साथ समन्वय बनाए रखने के निर्देश भी दिए हैं, जिससे आपदा या बिजली आपूर्ति बाधित होने की स्थिति में राहत एवं पुनर्स्थापन कार्यों में किसी प्रकार की देरी न हो।
यूपीसीएल ने उपभोक्ताओं से भी विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। निगम ने कहा है कि उपभोक्ता स्वीकृत विद्युत भार की सीमा का पालन करें और अतिरिक्त भार की आवश्यकता होने पर संबंधित कार्यालय को सूचित करें। घरों और प्रतिष्ठानों की आंतरिक वायरिंग की नियमित जांच कराएं तथा एयर कंडीशनर और अन्य विद्युत उपकरणों का समय-समय पर अनुरक्षण कराएं। ऊर्जा बचत के लिए एयर कंडीशनर का तापमान लगभग 24 डिग्री सेल्सियस पर रखने की सलाह भी दी गई है।
निगम ने आम जनता से अपील की है कि प्रतिकूल मौसम के दौरान बिजली से संबंधित सभी सुरक्षा मानकों का पालन करें। यदि कहीं बिजली लाइन टूटने, विद्युत उपकरण में खराबी या अन्य किसी प्रकार की समस्या दिखाई दे तो तुरंत यूपीसीएल के हेल्पलाइन नंबर 1912 या संबंधित कार्यालय को सूचना दें। यूपीसीएल ने भरोसा दिलाया है कि उपभोक्ताओं की सुरक्षा और निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए निगम पूरी तरह सतर्क और प्रतिबद्ध है।

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