देहरादून। पहाड़ से देहरादून पहुंचे मासूम बच्चों के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के हाथों सम्मानित होने की खुशी उस समय मायूसी में बदल गई, जब पलटन बाजार में जूते खरीदने पहुंचे एक बच्चे के साथ मनमानी कर दी। बच्चे व स्कूल प्रधानचार्य के साथ बदसलूकी की वीडियो शुक्रवार को जमकर वायरल हुई। इसी बीच डोईवाला के समाजसेवी राजन गोयल ने विद्यालय के शिक्षक उपेंद्र सती से फोन पर वार्ता कर विद्यालय के सभी बच्चों को जूते और अन्य उपहार भेंट करने का वादा किया है।
घटना का वीडियो
बताया गया कि एफआरआई में आयोजित एक कार्यक्रम में पहाड़ से आए मासूम बच्चों को मुख्यमंत्री की ओर से सम्मानित किया गया था। सम्मान मिलने के बाद बच्चों में खासा उत्साह था। इसी दौरान स्कूल के बच्चों के लिए जूते खरीदने की जरूरत सामने आई। बच्चे पलटन बाजार स्थित एक जूते की दुकान पर पहुंचे। आरोप है कि दुकानदार ने बच्चों से जूतों के लिए 500 रुपये लिए और इसके बदले उन्हें लोकल जूते दे दिए।
मामला तब सामने आया जब स्कूल के प्रधानाचार्य ने जूतों का बिल मांगा। आरोप है कि दुकानदार ने बिल देने के बजाय जूते वापस लेने से साफ इनकार कर दिया। प्रधानाचार्य द्वारा आपत्ति जताने पर दुकानदार ने कहा कि मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री तक शिकायत कर लो, वह जूते वापस नहीं करेगा। दुकानदार के इस कथित व्यवहार से स्कूल प्रबंधन और बच्चों को काफी निराशा हुई।
मुख्यमंत्री के हाथों सम्मानित होने के बाद बच्चों के साथ इस तरह का व्यवहार किए जाने की बात सामने आने पर मामला चर्चा में आ गया। बच्चों की भावनाओं और स्कूल की जरूरत को देखते हुए डोईवाला के समाजसेवी राजन गोयल ने आगे आकर मदद का हाथ बढ़ाया। उन्होंने स्कूल प्रधानाचार्य से बात कर बच्चों को मुफ्त जूते उपलब्ध कराने का एलान किया।
घटना ने बाजारों में खरीदारी करने वाले लोगों, खासकर बच्चों और ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले परिवारों के साथ दुकानदारों के व्यवहार को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। स्कूल प्रबंधन की ओर से पूरे मामले की जानकारी संबंधित स्तर पर देने की तैयारी की जा रही है। वहीं, समाजसेवी के इस कदम की क्षेत्र में सराहना हो रही है।

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